नीतीश कुमार का बीमा सुरक्षा उत्सव: एक करोड़ जीविका दीदियों को मिलेगा आर्थिक संरक्षण

नीतीश कुमार का बीमा सुरक्षा उत्सव: एक करोड़ जीविका दीदियों को मिलेगा आर्थिक संरक्षण

Nitish Kumar Insurance Security Festival

Nitish Kumar's Insurance Security Festival

पटना। Nitish Kumar's Insurance Security Festival, मुख्यमंत्री पद छोड़ने से पहले नीतीश कुमार ने जीविका दीदियों के लिए बड़ी योजना शुरू की है। 15 अप्रैल से 31 मई तक राज्यभर में ‘बीमा सुरक्षा उत्सव’ अभियान चलाया जाएगा, जिसके जरिए लाखों महिलाओं को जीवन बीमा से जोड़ा जाएगा।

करोड़ों दीदियों को मिलेगा सीधा लाभ

इस अभियान का लक्ष्य करीब एक करोड़ जीविका दीदियों को बीमा सुरक्षा देना है। फिलहाल राज्य में लगभग 72 लाख दीदियां पहले से बीमित हैं, लेकिन अब इस दायरे को और बढ़ाने की तैयारी है।

दो योजनाएं, कम खर्च में बड़ा कवर

दीदियों को दो सरकारी योजनाओं का लाभ मिलेगा-Pradhan Mantri Jeevan Jyoti Bima Yojana और Pradhan Mantri Suraksha Bima Yojana। पहली योजना में 436 रुपये सालाना प्रीमियम है, जबकि दूसरी में महज 20 रुपये में बीमा कवर मिलता है।

दुर्घटना या मृत्यु पर 4 लाख तक की मदद

इन दोनों योजनाओं को मिलाकर बीमित दीदी के परिवार को अधिकतम 4 लाख रुपये तक की आर्थिक सहायता मिल सकती है। प्राकृतिक मृत्यु पर 2 लाख और दुर्घटना में मृत्यु पर अतिरिक्त 2 लाख रुपये का प्रावधान है।

बैंक खाते से खुद कटेगा प्रीमियम

बीमा प्रक्रिया को आसान बनाने के लिए अंशदान सीधे बैंक खाते से काटा जाएगा। आवेदन करते ही प्रीमियम स्वतः जमा हो जाएगा, जिससे दीदियों को अलग से भुगतान की झंझट नहीं होगी।

एक साल के लिए मिलेगा बीमा कवर

यह बीमा 1 जून से लागू होगा और एक साल तक मान्य रहेगा। हालांकि अभियान 31 मई तक चलेगा, लेकिन इसके बाद भी इच्छुक दीदियां योजना से जुड़ सकती हैं।

परिवार तक बढ़ेगी सुरक्षा की पहुंच

अभियान के दौरान जीविका दीदियों को अपने पति का भी बीमा कराने के लिए प्रेरित किया जाएगा, जिससे पूरे परिवार को सामाजिक सुरक्षा का लाभ मिल सके।

अब तक हजारों परिवारों को मिला सहारा

पिछले वर्षों में इस योजना से करीब 10 हजार परिवारों को आर्थिक मदद मिल चुकी है। सरकार अब इसे और व्यापक बनाकर ज्यादा लोगों तक पहुंचाने की कोशिश कर रही है।

सियासी विदाई से पहले बड़ा संदेश

मुख्यमंत्री पद छोड़ने से पहले नीतीश कुमार का यह कदम सामाजिक सुरक्षा को लेकर बड़ा संदेश माना जा रहा है। यह पहल न सिर्फ महिलाओं को सशक्त करेगी, बल्कि उनके परिवारों को भी आर्थिक सुरक्षा देगी।